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30 सितम्बर 2020
30 सितम्बर 2020

सेहत/प्राकृतिक चिकित्सा

पटेल अस्पताल गोटवा में भी कोरोना की जांच शुरूः डा. वी.के. वर्मा

Posted on: Thu, 03, Sep 2020 9:34 PM (IST)
पटेल अस्पताल गोटवा में भी कोरोना की जांच शुरूः डा. वी.के. वर्मा

बस्तीः शहर से करीब 8 किमी. दूर फोरलेन पर गोटवा में स्थित पटेल एसएमएच हॉस्पिटल में भी भी मरीजों की कोरोना जांच शुरू हो गयी है। यह जानकारीअस्पताल के संस्थापक एवं जिला अस्पताल में तैनात आयुष चिकित्साधिकारी डा. वी.के वर्मा ने दी। उन्होने कहा सरकार की मंशा के अनुसार जांच किट स्वास्थ्य विभाग की ओर से उपलब्ध कराई गयी है।

जांच में मरीजों से कोई फीस नही ली जायेगी। यह जांच जिले के अन्य 15 निजी अस्पतालों में भी उपलब्ध है, स्वास्थ्य विभाग की ओर से सभी को निशुल्क एंटीजन किट उपलब्ध कराई गई है। इससे अस्पताल स्टॉफ को बाकायदा जांच के लिए प्रशिक्षित किया गया है। अगर वह पॉजिटिव आता है तो तत्काल इसकी सूचना जिला कंट्रोल रूम और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को देकर मरीज को अस्पताल पहुंचाया जायेगा। डा. वर्मा ने बताया कि मरीज का सैम्पल लेने के लगभग 20 मिनट में इसका रिजल्ट आ जाता है। इस जांच में की रिपोर्ट को सबसे सही माना जाता है। अस्पताल में कोविड-19 का प्रोटोकाल फॉलो किया जा रहा है।

डा. वर्मा ने मीडिया दस्तक को बताया कि आपदा काल में चिकित्सकों की जिम्मेदारियां बढ़ जाती है। इस जिम्म्ेदारी का अहसास होने का नतीजा है 35 साल से अधिक के सेवाकाल में बगैर किसी आराम के लगातार रोगियों की देखभाल कर रहे हैं। जिस मरीज को अटेण्ड करते हैं वह जब दोबारा मुस्कराते हुये अस्पताल आता है जो खुशी मिलती है उसे शब्दों में बयां नही कर सकते। उन्होने कहा शिक्षा ज्ञान देती है, चिकित्सा लोगों को निरोगी बनाती है और वकील, पत्रकार लोगों को न्याय दिलाता है। ये सभी प्रोफेशन प्रथमदृष्टया सेवा भावना से जुड़े हैं। यदि सेवा भाव नही है तो धनार्जन का लक्ष्य पूरा हो सकता है लेकिन आत्मसंतुष्टि और ख्याति काफी दूर चली जायेगी।

डा. वर्मा ने बताया कि मार्च महीने से जब कोरोना का संकट आया है, एक दिन भी उनका अस्पताल या ओपीडी बंद नही था और न ही जिला अस्पताल से उन्होने अवकाश लिया। यह सोचकर कि घर में किसी को कोरोना हो जायेगा तो क्या करेंगे, क्या उसकी देखभाल नही करेंगे, डियूटी करते रहे। तीन तीन बार आइसोलेशन वार्ड वार्ड में डियूटी लगी, बखूबी निभाया और आज भी निभा रहे हैं। उन्होने कहा कोरोना से किसी को भयभीत होने की जरूरत नही है। सामान्य लक्षण दिखने पर जो लोग अनुशासन में रहकर घर में आवश्यक दवायें, गिलोय आयुष, काढ़ा, च्यवनप्राश अश्वगंधा आदि ले रहे हैं और थोड़ा बहुत योगा कर रहे हैं वे निश्चित रूप से स्वस्थ हो रहे हैं।

सामान्य लक्षण हैं

बुख़ार आना, सूखी खांसी आना और थकान महसूस होना. इस वायरस के कारण शरीर का तापमान बढ़ना, ठंडी महसूस करना, शरीर में कंपकंपी भी महसूस होना. शरीर में दर्द, गले में खराश, सिरदर्द, डायरिया और शरीर पर चकत्ते या रैशेज़ इसके लक्षण हैं। एक शोध के अनुसार कुछ खाने पर स्वाद महसूस न होना और किसी चीज़ की गंध का महसूस न होना भी कोरोना वायरस का लक्षण हो सकता है। सांसें टूटना, सीने में दर्द या फिर दबाव महसूस होना और बोलने में असमर्थ हो जाना इसके गंभीर लक्षण हैं। ऐसा महसूस होने पर सरकारी या सुविधायुक्त निजी अस्पतालों में जाकर जांच कराना चाहिये।